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रक्तदान के फायदे एवं नुकसान

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Blood Donation Benefits And Side
रक्‍तदान (Blood donation) किसी का जीवन बचा सकता है। यह लाइन लगभग सभी ने सुनी और पढ़ी होगी और यह सच भी है क्‍योंकि मानव रक्‍त का निर्माण मानव शरीर के अलावा और कहीं नहीं किया जा सकता है। लेकिन क्‍या आपने कभी रक्‍तदान (ब्लड डोनेट) किया है। क्‍या आप जानते हैं रक्‍तदान करने के फायदे और नुकसान के बारे में। अगर नहीं जानते हैं तो इस लेख को अच्‍छी तरह से पढ़ें। यह आपके मन में उठने वाले हर प्रकार से सवालों का जबाब है। और यह आपकी उन सभी भ्रांतियों का भी तोड़ है जिसे आप अब तक समझ ही नहीं पाए हैं।


रक्‍तदान के फायदे यह हैं कि यह कैंसर और हेमोक्रोमैटोसिस (hemochromatosis) के खतरे को कम करता है। नियमित रक्‍तदान करने से मोटापे को कम करने के साथ ही कार्डियोवैस्‍कुलर स्‍वास्‍थ्‍य में मदद मिलती है। आइए जाने रक्‍तदान के फायदे और नुकसान के बारे में। जिन्‍हें जानकर आप स्‍वयं ही निर्णय ले पाएगें कि आपको रक्‍तदान करना चाहिए या नहीं करना चाहिए।

रक्‍तदान क्‍या है – What is Blood Donating in Hindi

यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें सामान्‍य रूप से स्‍वस्‍थ्‍य व्‍यक्ति अपनी मर्जी से किसी जरूरत मंद व्‍यक्ति को अपना रक्‍त देता है। प्रत्‍येक वर्ष लगभग हजारों लोग जीवित रहने के लिए दान किये गए रक्‍त पर निर्भर करते हैं। रक्‍तदान खून प्राप्‍त करने वालों के लिए तो फायदेमंद होता ही है लेकिन यह रक्‍तदान करने वाले के लिए भी फायदेमंद होता है। लेकिन रक्‍तदान हमेशा विशेषज्ञों की उपस्थिति‍ में अस्‍पताल या रक्‍त बैंक में किया जाना चाहिए। रक्‍तदान कैंसर से पीड़ित मरीजों, रक्‍तस्राव विकार, एनीमिया और अन्‍य खून की कमी से संबंधित बीमारियों के इलाज में मदद करता है। आइए जाने रक्‍तदान से जुड़े कुछ सामान्य सवालों को।

ब्लड डोनेशन कितनी बार किया जा सकता है – Blood donation Kitni Bar Kiya Ja Sakta Hai in Hindi

किसी स्‍वस्‍थ्‍य व्‍यक्ति द्वारा एक बार रक्‍तदान करने के बाद अगला रक्‍तदान करने के लिए कम से कम 56 दिन या 8 सप्‍ताह का इंतजार करना पड़ता है। यदि आप किसी भी प्रकार की स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं से ग्रसित हैं तो आपको रक्‍तदान करने से बचना चाहिए और यदि जरूरी हो तो आपको पहले डॉक्‍टर से संपर्क करना चाहिए।

रक्‍तदान कितनी मात्रा में किया जा सकता हैं – Rakt Daan Kitni Matra Me Kiya Ja Sakta Hai in Hindi

यदि आप रक्‍तदान करना चाहते हैं तो ध्‍यान रखें कि आप हर 8 सप्‍ताह के बाद 1 यूनिट या 350 मिली लीटर रक्‍तदान कर सकते हैं। इसके लिए आप किसी रजिस्‍टर्ड ब्‍लड बैंक या किसी संगठन द्वारा चलाए जा रहे रक्‍तदान शिविर में भाग ले सकते हैं और वहां रक्‍त दान कर सकते हैं। आप किसी अस्‍पताल में जाकर भी अपना रक्‍तदान कर सकते हैं।

ब्लड डोनेट किस उम्र तक किया जा सकता है – Blood Donate Kis Umr Tak Kiya Ja Sakta Hai in Hindi

यह सामान्‍य सी बात है कि रक्‍तदान करने के लिए स्‍वस्‍थ्‍य और युवा शरीर की आवश्‍यकता होती है। इस लिए वह प्रत्‍येक व्‍यक्ति जो पूर्ण रूप से स्‍वस्‍थ्‍य हो और उसकी उम्र 18 – 60 वर्ष के बीच हो वह रक्‍तदान कर सकता है। लेकिन यह भी ध्‍यान रखना चाहिए उस व्‍यक्ति का वजन 45 किलो ग्राम से अधिक होना चाहिए। यदि वह इन सभी मापदंड़ों को पूरा करता है तो वह 56 दिनों के अंतराल के बार सुरक्षित रूप से रक्‍तदान कर सकता है। रक्‍तदान करने से इन 56 दिनों के अंतराल में रक्‍तदाता (blood donor) के शरीर में रक्‍त के स्‍तर को पूरा किया जा सकता है।

रक्‍तदान किसे नहीं करना चाहिए – Rakt Daan Kise Nahi Karna Chahiye in Hindi

जिनकी उम्र यदि 18 वर्ष से कम हो या उनकी उम्र 60 वर्ष से अधिक हो और 110 एलबीएस से कम वजन वाले लोग रक्‍तदान नहीं कर सकते हैं। इसके साथ जिन लोगों को गंभीर संक्रमण या एचआईवी एड्स (HIV / AIDS) जैसी बीमारिया होती हैं उन्‍हें भी रक्‍तदान नहीं करना चाहिए। रक्‍तदान करने से पहले डॉक्‍टर से परामर्श ले और उचित जांच के बाद ही अपना रक्‍तदान करें। यह आपकी और उन लोगों की सुरक्षा के लिए जरूरी है जिन्‍हें आपके रक्‍त की आवश्‍यकता है।

रक्‍तदान कर आप स्‍वस्‍थ्‍य रह सकते हैं और किसी का जीवन भी बचा सकते हैं। आइए जाने रक्‍तदान करने के फायेद क्‍या हैं।

रक्‍तदान के फायदे – Blood Donation Benefits In Hindi

कुछ जानकार बताते हैं कि रक्‍तदान करना फायदेमंद होता है। रक्‍तदान उतना ही जरूरी होता है जितना की रक्‍त कमी वाले लोगों के लिए रक्‍त की आपूर्ति जरूरी होती है। रक्‍तदान करना ग्राहक और रक्‍तदाता दोनों के लिए ही फायदेमंद होता है। आइए जाने यह दोनों के लिए किस प्रकार से फायदेमंद होता है।

रक्‍तदान से करें हेमोक्रोमैटोसिस का उपचार – Blood Donation Benefits for Hemochromatosis in Hindi

स्‍वास्‍थ्‍य सलाहकार बताते हैं कि रक्‍तदान करने के कई स्‍वास्‍थ्‍य लाभ भी होते हैं। रक्‍तदान के फायदों में हेमोक्रामैटोसिस के जोखिम को कम करना भी शामिल है। हेमोक्रामैटोसिस एक स्‍वास्‍थ्‍य से संबंधित बीमारी है जो शरीर द्वारा लोहे के अतिरिक्‍त अवशोषण (Additional absorption) के कारण उत्‍पन्‍न होती है। यह शराब की लत, एनीमिया या अन्‍य समस्‍याओं के कारण हो सकता है। नियमित रूप से रक्‍तदान लोहा अधिभार (iron overload) को कम करने में मदद करता है। जो व्‍यक्ति रक्‍तदान के मापदंड़ों को पूरा करता है उसे रक्‍तदान करना चाहिए। रक्‍तदान दूसरों के और खुद के स्‍वास्‍थ्‍य के लिए अच्‍छा है।

ब्लड डोनेट करने के फायदे हार्ट अटेक से बचने के लिए – Blood Donate Reduce the Risk of Heart Attack in Hindi

कुछ अध्‍ययनों से पता चलता है कि रक्‍तदान दिल के दौरे की संभावनाओं को 1/3 गुना कम कर सकता है। ऐसा इसलिए है क्‍योंकि रक्‍तदान करने से शरीर में उपस्थित आयरन के स्‍तर को नियंत्रित किया जा सकता है जिससे दिल के दौरे (Heart attack) की संभावनाओं को कम किया जा सकता है। यद्यपि लोहा शरीर के लिए आवश्‍यक है लेकिन आयरन की अधिक मात्रा शरीर में ऑक्‍सीडेटिव क्षति का कारण बन सकता है। ऑक्‍सीडेटिव क्षति (Oxidative damage) विभिन्‍न प्रकार की बीमारियों जैसे हार्ट अटेक, स्‍ट्रोक और उम्र बढ़ने संबंधि लक्षणों का बढ़ाने का प्राथमिक कारण माना जाता है। इसलिए शरीर में मौजूद लौह स्‍तर को नियंत्रित रखने के लिए 3 महिने में एक बार रक्‍तदान करने की सलाह दी जाती है।

रक्‍तदान करने के पहले और बाद में क्‍या खाएं – Rakt Daan Karne Ke Phale Aur Baad Me Kya Khaye in Hindi

यदि आप रक्‍तदान करना चाहते हैं तो सबसे पहले अपने शरीर को आराम करने की अनुमति दें। यदि आपको घबराहट होती है तो यह आपके लिए परेशानी पैदा कर सकता है। रक्‍त दान करने के पहले आपको पर्याप्‍त और पोष्टिक आहार की जरूरत होती है। रक्‍तदान के पहले यह आवश्‍यक है कि आपके शरीर में लौह का स्‍तर उच्‍च हो और आप जितना संभव हो सके हाइड्रेटेड रहें। आइए जाने रक्‍तदान करने से पहले खाने वाले खाद्य पदार्थों के बारे में।

रक्‍तदान के पहले क्या खाना चाहिए – Rakt Daan Ke Pehle Kya Khana Chahiye In Hindi
  • खूब पानी पियें (Drink plenty of water) – आप रक्‍तदान करने से पहले नींबू पानी (lemonade), या अन्‍य प्रकार के पेय पदार्थों का सेवन करें। इनका आपके शरीर में लौह स्‍तर से कोई संबंध नहीं है लेकिन यह आपको रक्‍तदान के समय पर्याप्‍त मात्रा मे हाइड्रेट रखने में मदद करता है।
  • कम वसा युक्‍त मांस खाएं (Eat less fat meat) – यह विशेष रूप से ध्‍यान रखें कि लाल मांस (red meat) को बहुत ही कम मात्रा में सेवन करना चाहिए। रक्‍तदान करने से पहले इसका सेवन करना अच्‍छा होता है। यह आपके शरीर में हीमोग्‍लोबिन (Hemoglobin) के स्‍तर को बढ़ाने में मदद करता है। बस इस बात का ध्‍यान रखें कि यह बहुत अधिक वसा युक्‍त नहीं होना चाहिए।
  • मसूर की दाल खाएं (Eat lentil pulses) – रक्‍तदान करने का मन बना रहे हैं तो आप रक्‍तदान करने से पहले हरी सब्‍जीयां, मसूर, फलियां, पूरे अनाज आदि का पर्याप्‍त सेवन करें। यदि मसूर (Lentil) का सेवन किया जाता है तो यह लाल मांस के पोषक तत्‍वों की कमी को पूरा कर सकता है
  • पालक का सेवन करें (Eat spinach) – पालक (Spinach) आयरन का सबसे अच्‍छा स्रोत होता है। रक्‍तदान करने से पहले आप पालक का सेवन करें। यह आपके शरीर के संपूर्ण स्‍वास्‍थ्‍य के लिए लाभकारी होता है। आप इसे सलाद के रूप में भी खा सकते हैं जो आपको हाइड्रेटेड (Hydrated) रखने में भी अहम भूमिका निभाता है।

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